नारि क एक हात में दियौं जौअ जिम्मेदारि संघ परिवार, दोसर हात थमाबु स-शक्ता कें हतियार …🙋‍♀️

मिति: २०२५-०२-१५ , समय : १३:२१:१३ , सुनिता साह क्रान्ति

तस्बिर : सामाजिक सन्जालबाट

सुनिता साह क्रान्ति

राजविराज ।
हम वई समाजक लोग छिय, जाई ठाम मां दुर्गा,काली , लक्षमि नारि रुपमें पुजन योग्य छैय,हर रुपमें मां जानकि उदाहरण स्वरुप छैय पर सच मानु वई समाजमें नारि अबला और बेचारि छैय पर सच मानु वई समाज में नारि अबला और बेचारि छैय हम वय समाजक हिस्सा छिय जई ठाम हर साल विद्याके देविके पुजा कके मनावई छईत ना समझ बइनतयों विद्या आर्जन कें लेल अपन घरक नारिकें सताबय छय हम वय समाजक नारि छिय जई ठाम कुलदेवि सबदिन पुजल जाय छय, कुमारी कन्या क प्रेम ” स” भोजन करवायै छय और अवसोसक संघ कहैछिय जौअ घरमें जन्म हौय बेटिके त मन छोट ककें लौर बहावय छय हम हम वय समाजक बेटि छिय जई ठाम हम वय समाजक बेटि छिय जई ठाम बेटि पढाओं बेटि बचाऔं “क” नारा लगाबइत छैयत शर्मक संघ कहैय छिय जौअं बाहर निकलय पढैके लेल बेटि तब अपन नजरिया गन्दा टिकाबैयत छय देख तार-तार होयत एकटा बेटिके इज्जत कि देख तार-तार होयत एकटा बेटिके इज्जत अपन – अपन घरके केबारि सटाबइत छैइत हम वय समाजक हिस्सा छिय जत बराबरि आ सामानता के कानुन आ उपदेश सुनावय छयत पर सच में देखुं त हर नियम आ असमाजिकता के बन्धन अपना बेटिकें गर्दन में लगावैईत छयैत कि हर नियम आ असमाजिकता के डोरि अपन – अपन बेटिकें गर्दन में लगावैईत छैईत त आहां सब ” स” आग्रह जे खत्म करु सबगोटे “स ” यी निच सोच कें बदलु अपन- अपन मानसिकता कें बनाबु अपन- अपन घरके नारि के शक्तिशालि सिखाबु अपन मान ,मर्यादा आ बनाबु संस्कारि एक हात में दियौं जौअ जिम्मेदारि संघ परिवार… एक हात में दियौं जौअ जिम्मेदारि संघ परिवार दोसर हात थमाबु स- शक्ता कें हतियार पठाबु सिने” स” आत्मनिर्भरता आ स्वाभलम्बन कें पाठ किं पठाबु सिने” स” आत्मनिर्भरता आ स्वाभलम्ब कें पाठ तखैन सार्थक हायत नारि कें स- शक्त बनवै कें प्रयास कि तखैन सफल हायत नारि कें स- शक्त बनवै कें प्रयास !!

प्रकाशित मिति: २०२५-०२-१५ , समय : १३:२१:१३ , 2 months अगाडि

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